Peaceful Place: सुकून की है तलाश तो इन जगहों से बढ़िया एक्सपीरियंस नहीं मिलेगा

अगर आप मन की शांति, मेंटल डिटॉक्स और आत्मिक आराम चाहते हैं, तो यहाँ पाँच ऐसी जगहें हैं जो सच में शांति से भरी जगह देती हैं।

Preeti Mishra
Published on: 11 Dec 2025 7:25 PM IST
Peaceful Place: सुकून की है तलाश तो इन जगहों से बढ़िया एक्सपीरियंस नहीं मिलेगा
X
Peaceful Places: आज की तेज़-तर्रार लाइफस्टाइल में, मन की शांति मिलना बहुत मुश्किल हो गया है। काम का लगातार प्रेशर, सोशल ज़िम्मेदारियाँ, डेडलाइन और डिजिटल शोर अक्सर मन को स्ट्रेस में डाल देते हैं। कभी-कभी, इस भागदौड़ से दूर होकर किसी शांत, खूबसूरत जगह पर कुछ दिन बिताना इमोशनल और मेंटल सेहत (Peaceful Places) के लिए ज़रूरी हो जाता है। भारत अपनी समृद्ध प्राकृतिक विविधता और आध्यात्मिक विरासत के साथ, कुछ सबसे शांतिपूर्ण जगहों (
Peaceful Places)
का घर है जहाँ शांति, प्रकृति और सुकून मिलकर एक हीलिंग अनुभव बनाते हैं। अगर आप मन की शांति, मेंटल डिटॉक्स और आत्मिक आराम चाहते हैं, तो यहाँ पाँच ऐसी जगहें हैं जो सच में शांति से भरी जगह देती हैं।

Peaceful Places: सुकून की है तलाश तो इन जगहों से बढ़िया एक्सपीरियंस नहीं मिलेगा

ऋषिकेश, उत्तराखंड — दुनिया की योग राजधानी

ऋषिकेश भारत की सबसे शांतिपूर्ण जगहों में से एक है, जो दुनिया भर से आध्यात्मिक साधकों को अपनी ओर खींचता है। पवित्र गंगा के किनारे बसा और शिवालिक पहाड़ों से घिरा यह पुराना शहर मेडिटेशन और हीलिंग के लिए एकदम सही शांत माहौल देता है। चाहे आप योग रिट्रीट में जाएं, परमार्थ निकेतन में गंगा आरती में हिस्सा लें, या बस नदी किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनें, ऋषिकेश लगभग तुरंत मन को शांत कर देता है। अपने आश्रमों, आयुर्वेद सेंटरों और शांत घाटों के साथ, यह एक ऐसी जगह है जहाँ आप तनाव से पूरी तरह दूर हो सकते हैं।
यह शांत क्यों है:
आध्यात्मिक माहौल नदी किनारे की शांति बहुत सारे योग और मेडिटेशन सेंटर

ऑरोविले, तमिलनाडु — शांति के लिए बना एक अनोखा शहर

पुडुचेरी के पास ऑरोविले, भारत में किसी भी दूसरी जगह से अलग है। इंसानी एकता और आध्यात्मिक विकास के नज़रिए से बनाया गया, ऑरोविले एक ग्लोबल कम्युनिटी है जो शांतिपूर्ण जीवन, सस्टेनेबिलिटी और खुद को खोजने के लिए समर्पित है। हरी-भरी हरियाली से घिरा मशहूर मातृमंदिर शांति फैलाता है। कई विज़िटर यहां मेडिटेशन सेशन, हीलिंग थेरेपी और वर्कशॉप के लिए आते हैं जो अंदर से खुद को फिर से जोड़ने में मदद करते हैं।
यह शांतिपूर्ण क्यों है:
मेडिटेशन के लिए साइलेंस ज़ोन इको-फ्रेंडली माहौल दुनिया भर की कम्युनिटी मिलकर रहती है Peaceful Places: सुकून की है तलाश तो इन जगहों से बढ़िया एक्सपीरियंस नहीं मिलेगा

धर्मकोट, हिमाचल प्रदेश — मैक्लोडगंज के ऊपर एक शांत गांव

जहां मैक्लोडगंज टूरिस्ट से भरा रहता है, वहीं धर्मकोट बिल्कुल उल्टा अनुभव देता है—शांति, हरियाली और धौलाधार रेंज के शानदार नज़ारे। “हिमाचल के योग गांव” के नाम से मशहूर धर्मकोट में मेडिटेशन सेंटर, विपश्यना रिट्रीट और शांत कैफ़े हैं, जहाँ आप काम कर सकते हैं, आराम कर सकते हैं या सोच-विचार कर सकते हैं। पहाड़ों की ताज़ी हवा, सुंदर ट्रेकिंग रास्ते और दोस्ताना तिब्बती संस्कृति इसे गहरी शांति चाहने वाले किसी भी व्यक्ति के लिए एक शांत जगह बनाती है।
यह शांत क्यों है:
धर्मशाला से कम भीड़ वाला विपश्यना और योग रिट्रीट का घर धीमी, ध्यान वाली लाइफस्टाइल

ज़ीरो वैली, अरुणाचल प्रदेश — नेचर की शांत जगह

अगर आप शोर-शराबे से दूर कोई जगह ढूंढ रहे हैं, तो ज़ीरो वैली एक परफेक्ट चॉइस है। अपने हरे-भरे धान के खेतों, चीड़ के जंगलों और ट्राइबल कल्चर के लिए मशहूर, ज़ीरो अनछुई नेचुरल खूबसूरती देता है जो तुरंत मन को सुकून देती है। इस वैली की शांति इसलिए है क्योंकि यहां कम से कम कमर्शियलाइज़ेशन होता है। रात में तारों भरा आसमान, ठंडी हवाएं और खूबसूरत नज़ारों के साथ, ज़ीरो वैली ऐसी जगह है जहां समय धीमा और ज़्यादा मतलब वाला लगता है।
यह शांत क्यों है:
ज़्यादा टूरिज़्म से अछूता साफ़ हवा और घने जंगल शांत ट्राइबल गांव Peaceful Places: सुकून की है तलाश तो इन जगहों से बढ़िया एक्सपीरियंस नहीं मिलेगा

गोकर्ण, कर्नाटक — एक शांत बीच डेस्टिनेशन

अगर आपको पहाड़ों के बजाय बीच पसंद हैं, तो गोकर्ण भारत के सबसे शांत तटीय शहरों में से एक है। गोवा के भीड़-भाड़ वाले बीच के उलट, गोकर्ण शांत किनारे देता है जहां आप मेडिटेशन कर सकते हैं, लंबी वॉक कर सकते हैं, या बस बैठकर सनसेट देख सकते हैं। कुडले, ओम और पैराडाइज़ जैसे बीच कुदरती शांति देते हैं और हल्की लहरों की आवाज़ कुदरती स्ट्रेस कम करने का काम करती है। आप आध्यात्मिक एहसास के लिए पुराने मंदिरों में भी जा सकते हैं।
यह शांत क्यों है:
शांत, साफ़ बीच आरामदायक कैफ़े कल्चर अकेले और आध्यात्मिक यात्रियों के लिए एकदम सही यह भी पढ़ें: जनवरी में देखना हो स्नोफॉल तो आएं धनोल्टी, यह जगह है एक छुपा हुआ रत्न
Preeti Mishra

Preeti Mishra

Senior Sub Editor (Feature)

Preeti Mishra is a seasoned journalist with over 12 years of rich experience in the media industry. Over the course of her career, she has worked with reputed media organizations such as DD News, Hindustan, Final Report, and Newstrack, building a strong foundation in credible and impactful journalism. She has extensively covered diverse beats including Religion, Health, Lifestyle, and Tourism, and is known for presenting complex topics in a clear, engaging, and reader-friendly manner. Her writing reflects a fine balance of authenticity, research, and public interest, making her stories both informative and relatable. Currently, She is associated with Hind First, where she is responsible for leading and curating content for the Religion, Health, Lifestyle, and Tourism sections. With her deep subject knowledge and editorial insight, she continues to deliver high-quality, meaningful content that resonates strongly with a wide audience.

Next Story