Supreme Court: 'राज्यपाल का फैसला मनमाना, रद्द किया जाता है' तमिलनाडु सरकार की अपील पर सुप्रीम कोर्ट

Vivek Chaturvedi
Published on: 8 April 2025 4:29 PM IST
Supreme Court: राज्यपाल का फैसला मनमाना, रद्द किया जाता है तमिलनाडु सरकार की अपील पर सुप्रीम कोर्ट
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Supreme Court Order: तमिलनाडु में सरकार के 10 अहम बिलों को राज्यपाल की ओर से मंजूरी नहीं देने के मामले में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आया है। (Supreme Court Order) सुप्रीम कोर्ट ने राज्यपाल आरएन रवि के 10 महत्वपूर्ण बिलों को मंजूरी देने से रोकने को अवैध और मनमाना बताया। कोर्ट ने कहा कि राज्यपाल का यह कदम संविधान के खिलाफ था और इसे रद्द किया जाता है। सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले को राज्य सरकार के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है।

गवर्नर का फैसला मनमाना- सुप्रीम कोर्ट

तमिलनाडु के राज्यपाल आरएन रवि ने तमिलनाडु विधानसभा की ओर से पास किए गए 10 बिलों को मंजूरी देने से इनकार कर दिया था। राज्यपाल ने इन बिलों को राष्ट्रपति के पास भेजने का फैसला किया था। इसके बाद राज्य सरकार ने इसे संविधान का उल्लंघन बताया और सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। अब सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुनाया है। जिसमें गवर्नर के फैसले को मनमाना करार दिया गया है।

'राज्यपाल का फैसला रद्द किया जाता है'

सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए कहा कि राज्यपाल का यह कदम अवैध था, इसे रद्द किया जाता है। इन बिलों को उस तारीख से मंजूरी दी जाएगी, जब इन्हें गवर्नर के पास फिर से भेजा गया था। कोर्ट ने साफ किया कि राज्यपाल को संविधान के तहत दिए गए अधिकारों का सही तरीके से इस्तेमाल करना चाहिए। यह कदम पारदर्शिता और संविधान के तहत होना चाहिए।

'एक महीने में करना होगा फैसला'

सुप्रीम कोर्ट की ओर से स्पष्ट किया गया कि गवर्नर के फैसले को न्यायिक समीक्षा के दायरे में लाया जा सकता है। अगर गवर्नर एक महीने के भीतर फैसले नहीं लेते हैं तो उनके कार्यों की जांच की जाएगी। गौरतलब है कि संविधान के अनुच्छेद 200 के तहत राज्यपाल के पास यह अधिकार है कि वह बिलों को मंजूरी दे सकते हैं, उन्हें रोक सकते हैं या राष्ट्रपति के पास भेज सकते हैं। अगर राज्य विधानसभा एक बार फिर से उसी बिल को पास करती है तो राज्यपाल को उसे मंजूरी देनी होती है।
Supreme Court Order

स्टालिन बोले- यह देश के लिए बड़ी जीत

DMK प्रमुख तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने अब सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर प्रतिक्रिया दी है। स्टालिन ने कहा कि यह सिर्फ तमिलनाडु के लिए नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए एक बड़ी जीत है। इस फैसले से यह साबित हुआ है कि राज्यों को अपनी स्वायत्तता और अधिकार मिलने चाहिए। स्टालिन ने कहा कि DMK राज्य की स्वतंत्रता और संघीय व्यवस्था के लिए हमेशा संघर्ष करती रहेगी।
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Vivek Chaturvedi

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