खालिस्तानी आतंकी पन्नू का बड़ा दावा, कहा-'ट्रूडो से मेरा सीधा कनेक्शन, मैंने ही दिए भारत के खिलाफ सबूत'
खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने कनाडा में एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में PM जस्टिन ट्रूडो के साथ अपने संबंधों को कबूल किया है।
खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने भारत-कनाडा के बीच जारी तनाव के बीच बड़ा बयान दिया है। कनाडा में एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में पन्नू ने प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो के साथ अपने गहरे संबंधों को कबूल किया है। पन्नू का दावा है कि उसने ही खालिस्तानी आतंकी गुरपीत सिंह निज्जर की हत्या में भारत का हाथ होने के सबूत कनाडा सरकार को दिए हैं।
कनाडा के इन आरोपों को भारत सरकार ने निराधार बताते हुए खारिज कर दिया था। भारत सरकार ने कहा था कि वह लगातार कनाडा सरकार से निज्जर हत्या मामले में भारत की संलिप्तता के सबूत मांगता रहा है, लेकिन कनाडा सरकार ने कोई सबूत पेश नहीं किए हैं। वहीं इन सब घटनाक्रम के बाद भारत सरकार ने कनाडा के 6 राजनायिकों को निष्काषित करते हुए 19 अक्टूबर रात 12 बजे से पहले देश छोड़कर निकल जाने को कहा है।
पन्नू का जन्म पंजाब में हुआ था। पंजाब यूनिवर्सिटी से उनसे कानून की पढ़ाई की थी। पढ़ाई के बाद वह अमेरिका चला गया।
पन्नू ने किया ये दावा
पन्नू ने कनाडाई न्यूज चैनल सीबीसी के साथ इंटरव्यू में दावा किया कि उसका संगठन सिख फॉर जस्टिस पिछले कई साल से कनाडा के प्रधानमंत्री कार्यालय के साथ संपर्क में था। उसने ही निज्जर की हत्या से जुड़े सबूत ट्रूडो सरकार को मुहैया कराए हैं और उसी के कहने पर कनाडा सरकार ने भारत के खिलाफ कदम उठाए।बता दें कि बीते काफी समय से कनाडा पर खालिस्तानियों को समर्थन देने के आरोप लगते रहे हैं। वहीं अब पन्नू ने भी खुलकर अपने और ट्रूडों सरकार के रिश्ते के बारे में बात की है।🚨 India’s designated Khalistani Terrorist Gurpatwant Singh Pannun’s confession on @CBCNews reveals direct links with PM Justin Trudeau for the past three years, sharing information against India, which led to Trudeau acting without evidence.#India #Canada #Khalistanis #Delhi pic.twitter.com/EDLLqzsy5b
— Planet Reporter🌐 (@planetreporter1) October 16, 2024
'भारत पर जो आरोप लगाए हैं वो बिल्कुल सही हैं'
इंटरव्यू में पन्नू ने कहा कि निज्जर हत्या मामले में कनाडा सरकार ने भारत पर जो आरोप लगाए हैं वो बिल्कुल सही हैं। कनाडा का यह कदम अपने देश में कानून को स्थापित करना और राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को दिखाता है। इंटरव्यू में पन्नू ने एक बार फिर दोहराया कि भारत सरकार ने उसको मारने की साजिश रची है, लेकिन वह इससे डरने वाला नहीं है। आतंकी पन्नू ने निडरता से कहा कि वह जब तक वह जिंदा रहेगा निश्चित रूप से खालिस्तानी अभियान भी चलाता रहेगा।
कनाडा ने लगाए थे भारत पर ये आरोप
बता दें कि कुछ दिन पहले ही कनाडा सरकार ने खालिस्तानी आतंकी निज्जर की हत्या मामले में भारत पर आयोप लगाया था। कनाडा ने आरोप लगाते हुए कहा था कि निज्जर की हत्या में भारतीय राजनायिकों का हाथ है। इस मामले कनाडा में भारतीय उच्चायुक्त और अन्य राजनयिकों को 'पर्सन ऑफ इंटरेस्ट' के रूप में नामित किया था।
कनाडा के इन आरोपों को भारत सरकार ने निराधार बताते हुए खारिज कर दिया था। भारत सरकार ने कहा था कि वह लगातार कनाडा सरकार से निज्जर हत्या मामले में भारत की संलिप्तता के सबूत मांगता रहा है, लेकिन कनाडा सरकार ने कोई सबूत पेश नहीं किए हैं। वहीं इन सब घटनाक्रम के बाद भारत सरकार ने कनाडा के 6 राजनायिकों को निष्काषित करते हुए 19 अक्टूबर रात 12 बजे से पहले देश छोड़कर निकल जाने को कहा है। कौन है पन्नू
पेशे से वकील गुरपतवंत सिंह पन्नू 'सिख्स फॉर जस्टिस' नाम का संगठन चलाता है। पन्नू ने इस संगठन को साल 2007 में शुरू किया था। इसके जरिए वह सिखों के लिए अलग देश की मांग करता है। उसके निशाने पर भारत रहता और वे लगातार भारत विरोधी बयान देता रहता है। भारत सरकार ने उसे और उसके संगठन को खालिस्तान समर्थन गतिविधियों की वजह से 2020 में आतंकी घोषित कर दिया था।
पन्नू का जन्म पंजाब में हुआ था। पंजाब यूनिवर्सिटी से उनसे कानून की पढ़ाई की थी। पढ़ाई के बाद वह अमेरिका चला गया। Next Story


